“काम करो वरना जवाब दो”: लंबित मामलों और लापरवाह अफसरों पर कलेक्टर सख्त, बोले- “लापरवाही की तो कार्रवाई तय”; आयुष्मान योजना में ‘तकनीकी कारण’ का बहाना नहीं चलेगा

रायगढ़: सुशासन तिहार के आवेदनों का हो गुणवत्तापूर्ण निराकरण, लापरवाही बर्दाश्त नहीं – कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी
मेडिकल कॉलेज, आयुष्मान योजना और जल संरक्षण कार्यों को लेकर समय-सीमा बैठक में दिए कड़े निर्देश
रायगढ़, 25 मई 2026। जिले में राज्य शासन द्वारा चलाए जा रहे ‘सुशासन तिहार’ के तहत आयोजित जनसमस्या निवारण शिविरों में प्राप्त आवेदनों के निराकरण को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। सोमवार को आयोजित समय-सीमा (टीएल) बैठक में कलेक्टर मयंक चतुर्वेदी ने अधिकारियों को साफ शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि शिकायतों और मांगों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित किया जाए, अन्यथा लापरवाही पर कार्रवाई तय मानी जाए।
कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि राज्य स्तर पर भी आवेदनों की लगातार समीक्षा की जा रही है, इसलिए किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अफसरों को दो टूक संदेश दिया — “काम करो वरना जवाब दो।
मेडिकल कॉलेज प्रबंधन पर जताई नाराजगी –
मेडिकल कॉलेज प्रबंधन समिति की बैठक समय पर आयोजित नहीं होने पर कलेक्टर ने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने आगामी 3 जून तक प्रबंधकारिणी समिति की बैठक हर हाल में आयोजित कराने के निर्देश दिए। साथ ही मेडिकल कॉलेज पहुंच मार्ग की मरम्मत और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए देर रात तक पुलिस पेट्रोलिंग सुनिश्चित करने को कहा गया।
आयुष्मान योजना में आनाकानी पर कड़ी चेतावनी –
कलेक्टर ने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) को निर्देश दिए कि जिले के सभी निजी अस्पतालों में पात्र मरीजों को आयुष्मान कार्ड का शत-प्रतिशत लाभ मिले। कुछ निजी अस्पतालों द्वारा ‘तकनीकी कारण’ बताकर इलाज में देरी और आनाकानी किए जाने पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई और स्पष्ट किया कि मरीजों के इलाज में किसी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
पंचायतों के लंबित वसूली प्रकरणों पर सख्ती –
बैठक में पंचायतों के वर्तमान और पूर्व पदाधिकारियों से जुड़े वित्तीय अनियमितताओं के लंबित वसूली प्रकरणों की जनपदवार समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को नियमानुसार सख्ती से वसूली कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए।
जल संरक्षण और बंद हैंडपंपों पर फोकस – भीषण गर्मी और गिरते भू-जल स्तर को देखते हुए पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (PHE) को बंद पड़े हैंडपंपों के पुनर्जीवन हेतु रिचार्जिंग पिट बनाने के निर्देश दिए गए। यह कार्य मानसून पूर्व पूरा करने का लक्ष्य तय किया गया है।
आंगनबाड़ी, पीएम आवास और ई-ड्राइव योजना में तेजी के निर्देश –
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वीकृत आंगनबाड़ी भवनों तथा प्रधानमंत्री आवास योजना के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। साथ ही प्रधानमंत्री ई-ड्राइव योजना के तहत जिले में EV PCS स्टेशन स्थापना की प्रक्रिया को भी गति देने पर जोर दिया गया।
सुशासन तिहार का तीसरा चरण जारी – बैठक में जानकारी दी गई कि जिले में अब तक 13 जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित किए जा चुके हैं। वर्तमान में सुशासन तिहार का तीसरा चरण जारी है। इसी क्रम में 26 मई (मंगलवार) को विकासखंड पुसौर के बड़ेभंडार स्थित हायर सेकेंडरी स्कूल में अगला शिविर आयोजित होगा, जिसमें आसपास के 23 गांवों को शामिल किया गया है।
राजस्व प्रकरणों पर विशेष सतर्कता –
कलेक्टर ने मुख्यमंत्री जनदर्शन, कलेक्टर जनदर्शन, प्रभारी मंत्री एवं सांसद निधि से स्वीकृत लंबित कार्यों की समीक्षा करते हुए राजस्व प्रकरणों, नक्शा आबंटन और लंबित आवेदनों के निराकरण में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।

बैठक में रहे उपस्थित – बैठक में जिला पंचायत सीईओ अभिजित बबन पठारे, नगर निगम आयुक्त बृजेश सिंह क्षत्रिय, एडीएम अपूर्व प्रियेश टोप्पो, अपर कलेक्टर रवि राही, प्रियंका वर्मा, संयुक्त कलेक्टर पूजा बंसल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं अनुविभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।



