ग्राम चिराईपानी में बंदरों का आतंक: दर्जनों ग्रामीण घायल, एक बंदर पकड़ा गया, वन विभाग का रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

रायगढ़/ रायगढ़ विकासखंड के ग्राम चिराईपानी में इन दिनों बंदरों के आतंक से ग्रामीण भयभीत हैं। पिछले कुछ दिनों से आक्रामक बंदरों के झुंड ने गांव में उत्पात मचा रखा है। राहगीरों, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों पर लगातार हमले किए जा रहे हैं, जिससे अब तक दर्जनों ग्रामीण घायल हो चुके हैं।
ग्रामीणों के अनुसार बंदरों के अचानक हिंसक हो जाने से लोगों का घरों से निकलना तक मुश्किल हो गया है। बच्चे बाहर खेलने से डर रहे हैं और कई परिवारों ने आवश्यक कार्यों के अलावा घर से निकलना कम कर दिया है। बंदरों के काटने से घायल लोगों का उपचार नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में कराया गया, जहां चिकित्सकों ने एंटी-रेबीज टीके लगाने की सलाह दी है।
वन विभाग का रेस्क्यू अभियान जारी – स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम पिंजरे, विशेष जाल और आवश्यक उपकरणों के साथ ग्राम चिराईपानी पहुंची। टीम ने गांव में डेरा डालकर रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया है।
अब तक एक आक्रामक बंदर को सफलतापूर्वक पकड़ लिया गया है, जबकि शेष बंदरों को पकड़ने के लिए गांव के विभिन्न स्थानों पर पिंजरे और जाल लगाए गए हैं। वन विभाग की टीम लगातार निगरानी कर रही है और अभियान जारी है।
ग्रामीणों से सहयोग की अपीलवन विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि रेस्क्यू अभियान के दौरान पिंजरों और जाल के पास भीड़ न लगाएं, बंदरों को उकसाने से बचें तथा बच्चों को अकेले बाहर न भेजें। किसी भी नई घटना की सूचना तत्काल वन विभाग को देने का आग्रह भी किया गया है।
ग्रामीणों ने वन विभाग की त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए उम्मीद जताई है कि शेष आक्रामक बंदरों को भी जल्द पकड़ लिया जाएगा और गांव को इस आतंक से राहत मिलेगी।



